(1) बालक के व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास के लिए यह आवश्यक है कि उसके .............. की जानकारी शिक्षक को हो। ≫ - व्यवहार की ।
(2) बच्चे फिल्मों में दिखाए गए हिंसात्मक व्यवहार को सीख सकते है। यह निष्कर्ष किस मनोवैज्ञानिक द्वारा किए गए कार्य पर आधारित हो सकता है। ≫ - एल्बर्ट बंडूरा ।
(3) सामाजीकरण का अर्थ क्या है। ≫ - समाज में समायोजित होना ।
(4) सबसे अधिक गहन और जटिल सामाजीकरण कौन सी अवस्था में होता है। ≫ - किशोरावस्था के दौरान ।
(5) अपनी कक्षा के बच्चों में समाजीकरण की प्रक्रिया को तेज करने के लिए शिक्षक को अपना बर्ताव ................. रखना चाहिए। ≫ - स्नेह और सहानुभूतिपूर्ण ।
(6) समाजीकरण की प्रक्रिया में अनुकरण को उपयोगी तथा विकासात्मक बनाने के लिए आवश्यक तत्व कौन से है। ≫ - परिवार एवं पडोस ।
(7) मानसिक विकास की औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था की मुख्य विशेषता कौन सी है। ≫ - आमूर्त चिन्तन ।
(8) कोहलबर्ग के अनुसार सही और गलत के प्रश्न के बारे में निर्णय लेने में शामिल चिन्तन प्रक्रिया को कहा जाता है। ≫ - नैतिक तर्कणा ।
(9) पियाजे के अनुसार संज्ञानात्मक विकास के किस चरण पर बच्चा वस्तु स्थायित्व को प्रदर्शित करता है। ≫ - मूर्त संक्रियात्मक अवस्था ।
(10) वह स्तर जिसमें बच्चा किसी वस्तु एवं घटना के बारे में तार्किक रूप से सोचना शुरू करता है कहा जाता है। ≫ - पूर्व क्रियात्मक अवस्था ।
(11) संवेदी गत्यात्मक अवस्था को और किस नाम से जाना जाता हैा ≫ - इंद्रीयजन ज्ञान की अवस्था ।
(12) अधिगम अन्तरण से क्या् तात्पर्य है। ≫ - किसी पूर्व ज्ञान के आधार पर नये ज्ञान को सीखना ही अधिगम अन्तरण कहलाता है। उदा. – साईकल चलाने वाला व्यक्ति स्कूटर चलाना जल्दी सीख जाता है।
(13) अधिगम अन्तरण कितने प्रकार के होते है। ≫ - अधिगम अन्तरण तीन प्रकार के होते है। 1. धनात्मणक अन्तकरण 2. शून्यम अन्ततरण 3. ऋणात्मणक अन्तकरण
(14) धनात्मक अन्तरण कितने प्रकार का होता है। ≫ - धनात्मनक अन्तरण 3 प्रकार का होता है। 1. क्षैतिज समान्तर 2. उर्ध्वज (लम्बवत्) 3. द्विपार्शिवक
(15) गणित सम्बन्धी विकार को क्या कहते है। ≫ - डिस्कैलकुलिया ।
(16) पढने सम्बन्धी विकार को क्या कहते है। ≫ - डिस्लैक्सिया ।
(17) लिखने सम्बन्धी विकार को क्या कहते है। ≫ - डिस्ग्राफिया ।
(18) लिखना , पढना और बोलने सम्बन्धी विकारा को क्या कहते है । ≫ - डिस्प्रैक्सिया ।
(19) अवधान सम्बन्धी विकार को क्या कहते है । ≫ - ADHD ।
(20) विशिष्ट बालक कौन होते है। ≫ - वे बालक जो सामान्य बालको से हटकर होते है। इन्हें एक नया शब्द दिया गया है। ‘’ विभिन्न योग्यता रखने वाले बालक ‘’
(21) बुद्धि के परिणामों के आधार पर सामान्य सम्भावना वक्र किसने प्रस्तुत किया । ≫ - टर्मन ने ।
(22) बाल केन्द्रित शिक्षा क्या होती है। ≫ - बाल केन्द्रित शिक्षा वह शिक्षा होती है। जिसमें शिक्षा का केन्द्र बिन्दु् बालक होता है। ऐसी शिक्षा बालकों की रूचि को ,क्षमताओं को , प्रवृत्तियों को ध्यान में रखकर प्रदान की जाती है। बाल केन्द्रित शिक्षा कहते है।
(23) प्रगतिशील शिक्षा के जनक कौन है। ≫ - जॉन डेवी
(24) प्रोजेक्ट विधि के जनक कौन है। ≫ - किल पैट्रिक और जॉन डेवी ।
(25) प्रगतिशील शिक्षा किस पर अधिक बल देती है। ≫ - पोजेक्ट् विधि से पढाने पर अधिक बल देती है।
(26) बालको के नैतिक विकास के जनक कौन है। ≫ - कोहल वर्ग
(27) नैतिकता का क्या अर्थ है। ≫ - बालक मे नैतिक गुणों का विकास करना ही नैतिकता है। जैसे - झूठ न बोलो , बडो का आदर करना , दूसरों की आज्ञा का पालन करना , दूसरो की सहायता करना , मिलजुलकर रहना आदि
(28) कोहलवर्ग ने नैतिक विकास को कितने चरणो मे बांटा है। ≫ - तीन चरणो मे बांटा – 1. पूर्व रूणीगत नैतिकता का स्तर (4-10 वर्ष) 2. रूणीगत नैतिकता का स्तर (10-13 वर्ष) 3. उत्तर रूणीगत नैतिकता का स्तर (13 से अधिक वर्ष)
(29) समीपस्थो विकास का सिद्धान्ध (ZPD) सिद्धान्त किसने दिया । ≫ - बाइगोटस्की् ने
(30) बाइगोटस्की् कहॉ के निवासी थे। ≫ - बाइगोटस्की् रूस के निवासी थे।
to be continued in next post....
(2) बच्चे फिल्मों में दिखाए गए हिंसात्मक व्यवहार को सीख सकते है। यह निष्कर्ष किस मनोवैज्ञानिक द्वारा किए गए कार्य पर आधारित हो सकता है। ≫ - एल्बर्ट बंडूरा ।
(3) सामाजीकरण का अर्थ क्या है। ≫ - समाज में समायोजित होना ।
(4) सबसे अधिक गहन और जटिल सामाजीकरण कौन सी अवस्था में होता है। ≫ - किशोरावस्था के दौरान ।
(5) अपनी कक्षा के बच्चों में समाजीकरण की प्रक्रिया को तेज करने के लिए शिक्षक को अपना बर्ताव ................. रखना चाहिए। ≫ - स्नेह और सहानुभूतिपूर्ण ।
(6) समाजीकरण की प्रक्रिया में अनुकरण को उपयोगी तथा विकासात्मक बनाने के लिए आवश्यक तत्व कौन से है। ≫ - परिवार एवं पडोस ।
(7) मानसिक विकास की औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था की मुख्य विशेषता कौन सी है। ≫ - आमूर्त चिन्तन ।
(8) कोहलबर्ग के अनुसार सही और गलत के प्रश्न के बारे में निर्णय लेने में शामिल चिन्तन प्रक्रिया को कहा जाता है। ≫ - नैतिक तर्कणा ।
(9) पियाजे के अनुसार संज्ञानात्मक विकास के किस चरण पर बच्चा वस्तु स्थायित्व को प्रदर्शित करता है। ≫ - मूर्त संक्रियात्मक अवस्था ।
(10) वह स्तर जिसमें बच्चा किसी वस्तु एवं घटना के बारे में तार्किक रूप से सोचना शुरू करता है कहा जाता है। ≫ - पूर्व क्रियात्मक अवस्था ।
(11) संवेदी गत्यात्मक अवस्था को और किस नाम से जाना जाता हैा ≫ - इंद्रीयजन ज्ञान की अवस्था ।
(12) अधिगम अन्तरण से क्या् तात्पर्य है। ≫ - किसी पूर्व ज्ञान के आधार पर नये ज्ञान को सीखना ही अधिगम अन्तरण कहलाता है। उदा. – साईकल चलाने वाला व्यक्ति स्कूटर चलाना जल्दी सीख जाता है।
(13) अधिगम अन्तरण कितने प्रकार के होते है। ≫ - अधिगम अन्तरण तीन प्रकार के होते है। 1. धनात्मणक अन्तकरण 2. शून्यम अन्ततरण 3. ऋणात्मणक अन्तकरण
(14) धनात्मक अन्तरण कितने प्रकार का होता है। ≫ - धनात्मनक अन्तरण 3 प्रकार का होता है। 1. क्षैतिज समान्तर 2. उर्ध्वज (लम्बवत्) 3. द्विपार्शिवक
(15) गणित सम्बन्धी विकार को क्या कहते है। ≫ - डिस्कैलकुलिया ।
(16) पढने सम्बन्धी विकार को क्या कहते है। ≫ - डिस्लैक्सिया ।
(17) लिखने सम्बन्धी विकार को क्या कहते है। ≫ - डिस्ग्राफिया ।
(18) लिखना , पढना और बोलने सम्बन्धी विकारा को क्या कहते है । ≫ - डिस्प्रैक्सिया ।
(19) अवधान सम्बन्धी विकार को क्या कहते है । ≫ - ADHD ।
(20) विशिष्ट बालक कौन होते है। ≫ - वे बालक जो सामान्य बालको से हटकर होते है। इन्हें एक नया शब्द दिया गया है। ‘’ विभिन्न योग्यता रखने वाले बालक ‘’
(21) बुद्धि के परिणामों के आधार पर सामान्य सम्भावना वक्र किसने प्रस्तुत किया । ≫ - टर्मन ने ।
(22) बाल केन्द्रित शिक्षा क्या होती है। ≫ - बाल केन्द्रित शिक्षा वह शिक्षा होती है। जिसमें शिक्षा का केन्द्र बिन्दु् बालक होता है। ऐसी शिक्षा बालकों की रूचि को ,क्षमताओं को , प्रवृत्तियों को ध्यान में रखकर प्रदान की जाती है। बाल केन्द्रित शिक्षा कहते है।
(23) प्रगतिशील शिक्षा के जनक कौन है। ≫ - जॉन डेवी
(24) प्रोजेक्ट विधि के जनक कौन है। ≫ - किल पैट्रिक और जॉन डेवी ।
(25) प्रगतिशील शिक्षा किस पर अधिक बल देती है। ≫ - पोजेक्ट् विधि से पढाने पर अधिक बल देती है।
(26) बालको के नैतिक विकास के जनक कौन है। ≫ - कोहल वर्ग
(27) नैतिकता का क्या अर्थ है। ≫ - बालक मे नैतिक गुणों का विकास करना ही नैतिकता है। जैसे - झूठ न बोलो , बडो का आदर करना , दूसरों की आज्ञा का पालन करना , दूसरो की सहायता करना , मिलजुलकर रहना आदि
(28) कोहलवर्ग ने नैतिक विकास को कितने चरणो मे बांटा है। ≫ - तीन चरणो मे बांटा – 1. पूर्व रूणीगत नैतिकता का स्तर (4-10 वर्ष) 2. रूणीगत नैतिकता का स्तर (10-13 वर्ष) 3. उत्तर रूणीगत नैतिकता का स्तर (13 से अधिक वर्ष)
(29) समीपस्थो विकास का सिद्धान्ध (ZPD) सिद्धान्त किसने दिया । ≫ - बाइगोटस्की् ने
(30) बाइगोटस्की् कहॉ के निवासी थे। ≫ - बाइगोटस्की् रूस के निवासी थे।
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